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जयपुर निम्स के चेयरमैन ने कहा, ‘हमने औषधियों का ट्रायल किया, कोरोनिल का नहीं’

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बाबा रामदेव की पतंजलि लिमिटेड द्वारा कोरोना के इलाज के लिए बनाई गई दवा कोरोनिल को लेकर विवाद बढ़ता ही जा रहा है. योग गुरु बाबा रामदेव ने दावा किया कि उनकी पतंजलि संस्थान ने कोरोना का 100 फीसदी इलाज करने वाली दवा खोज निकाली है. ये दवा लॉन्च होते ही विवादों में घिर गई. जयपुर की जिस नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी (निम्स) के साथ बाबा रामदेव ने ट्रायल का दावा किया था. अब निम्स के चेयरमैन डॉ.बीएस तोमर विवादों में फंसते नजर आ रहे हैं.

बीबीसी न्यूज से बातचीत के दौरान डॉ. तोमर ने कहा कि निम्स में केवल औषधियों का ट्रायल किया गया है, हमने कोरोनिल का कोई ट्रायल नहीं किया. जब उनसे पूछा गया कि कोरोनिल का ट्रायल निम्स जयपुर में कहां हुआ था और कितने मरीजों पर हुआ था तो उन्होंने कहा कि कोरोनिल एक दवा का ब्रांड है. हमने जो औषधियों का ट्रायल किया था वो आयुर्वेदिक औषधियां थीं जिसमें अश्वगंधा, गिलोय, तुलसी आदि के नाम शामिल थे. इन्होंने इसका नाम कोरोनिल दे दिया है. अब ये तो पतंजलि ही बता सकती है कि उसने इसका नाम कोरोनिल क्यों दिया.

तोमर ने कहा कि हमारा बाबा रामदेव की कंपनी से कोई संबंध नहीं है और ना ही साझेदारी है. वो अलग कंपनी हैं और हम अलग यूनिट हैं. हमारा काम रिसर्च करना है. हमने पतंजलि से औषधियां ली और आईसीएमआर की सीजीआरआई विंग से क्लिनिकल ट्रायल की इजाजत ली.

तोमर ने बताया कि इन सभी औषधियों का हमने कोरोना के हल्के या बिना लक्षण वाले मरीजों में क्लीनिकल ट्रायल किया. उन्होंने कहा कि जहां तक मुझे पता है कि इन सभी औषधियों को मिलाकर इसका नाम कोरोनिल बताया जा रहा है. जितने भी हमने जो 100 मरीज लिए उन सभी ने अपनी स्वेच्छा से ट्रायल के लिए हामी भरी थी.

इस बीच राजस्थान के स्वास्थ्य विभाग ने जयपुर के निम्स अस्पताल को एक नोटिस जारी किया है, जिसमें उसने कोरोना वायरस के रोगियों पर पतंजलि आयुर्वेद की दवा कोरोनिल के परीक्षण के लिए स्पष्टीकरण की मांग की है. जयपुर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, डॉ. नरोत्तम शर्मा ने कहा कि हमने तीन दिनों में स्पष्टीकरण मांगते हुए बुधवार शाम को अस्पताल को नोटिस दिया है. अस्पताल ने राज्य सरकार को सूचित नहीं किया और न ही अनुमति मांगी है. उन्होंने कहा कि नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (NIMS), जयपुर से जवाब का इंतजार है.