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गरीबो को नवम्बर तक पांच किलो गेंहूं या चावल और एक किलो चना मिलेगा: PM मोदी

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देश में बढ़ते कोरोना के मामलों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को संबोधित किया. देशवाषियों को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि कोरोना महामारी के बीच हम अनलॉक 2 में प्रवेश कर रहे हैं. साथ ही साथ हम ऐसे मौसम में प्रवेश कर रहे हैं जहां सर्दी-जुकाम, बुखार जैसी न जाने कौन-कौन सी बीमारियां होती हैं. ऐसे में आप सभी को अपना ध्यान रखना होगा. मोदी ने कहा कि ये बात सच है कि कई देशों के मुकाबले भारत में कोरोना से मृत्यु दर कम है लेकिन जब से ऑनलॉक शुरू हुआ है तब से लापरवाही बरती जा रही है. प्रधानमंत्री ने कहा कि लापरवाही करने वाले लोगों को हमें समझाना होगा.

पीएम मोदी ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना का विस्तार करने की घोषणा की. पीएम ने कहा कि आने वाले समय में देश में त्योहारों का समय आ रहा है. इसमें गणेश चतुर्थी से लेकर दीवाली तक कई त्योहार आने वाले हैं. पीएम ने कहा कि त्योहारों का समय खर्च भी बढ़ाता है. प्रत्येक परिवार को हर महीने पांच किलो गेहूं या चावल और एक किलो चना दिया जाएगा. इसमें 90 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च होंगे. पिछले महीने का खर्च भी जोड़ दें तो करीब 1.5 लाख करोड़ हो जाता है. इसको ध्यान में रखकर देश के 80 करोड़ लोगों को नवंबर के अंत तक प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत मुफ्त अनाज मिलेगा. इस दौरान सभी को पांच किलो चावल या गेंहूं और एक किलो चना देंगे.

पीएम ने कहा कि कोरोना से लड़ते हुए भारत में 80 करोड़ लोगों को तीन महीने का राशन मुफ्त दिया गया है. इसके अतिरिक्त प्रत्येक परिवार को हर महीने एक किलो दाल भी दी गई. एक तरह देखें तो अमेरिका की कुल जनसंख्या से ढाई गुना अधिक लोगों को, ब्रिटेन की जनसंख्या से 12 गुना अधिक लोगों को, और यूरोपीय यूनियन की आबादी से दोगुने से ज्यादा लोगों को सरकार ने मुफ्त अनाज दिया. अब इस व्यवस्था को नवंबर के अंत तक जारी रखा जा रहा है.

पीएम मोदी ने कहा कि बीते तीन महीनों में 20 करोड़ गरीब परिवारों के जनधन खातों में सीधे 31 हजार करोड़ रुपए जमा करवाए गए हैं और इस दौरान 9 करोड़ से अधिक किसानों के बैंक खातों में 18 हजार करोड़ रुपए जमा हुए हैं. सरकार ने पूरी व्यवस्था की है कि जिससे गरीबों और वंचितों को इस कोरोना संकटकाल में परेशानी न हो.